Skip to content

Primary Menu
  • Home
  • नासा ने चांद पर खोजा पानी, मानव बस्तियां बसाने की दिशा में बड़ी सफलता:-
  • देश
  • मुख्य समाचार
  • मेन स्लाइड

नासा ने चांद पर खोजा पानी, मानव बस्तियां बसाने की दिशा में बड़ी सफलता:-

Sarvoday Times 6 years ago 1 minute read 0 comments
download (1)

अमेरिकी अंतरिक्ष एजेंसी नासा ने सोमवार को बड़ा खुलासा करते हुए चांद की सतह पर पर्याप्त मात्रा में पानी होने की पुष्टी की है। चांद पर पानी उसी हिस्से में मिला है जहां सूरज की रोशनी पहुंचती है। इसे नासा की चांद पर मानव बस्तियां बसाने की योजना की दिशा में बड़ी सफलता माना जा रहा है।

नासा ने चांद की सतह पर खोजा पानी, इंसानी बस्तियां बसाने की वैज्ञानिक  उम्मीदें और मजबूत – Delhi News

पानी की खोज नासा की स्ट्रेटोस्फियर ऑब्जरवेटरी फॉर इंफ्रारेड एस्ट्रोनॉमी (सोफिया) ने की है। इसका उपयोग पीने और रॉकेट ईंधन उत्पादन के लिए भी किया जा सकेगा।

पानी NASA के मुताबिक सोफिया ने चंद्रमा के दक्षिणी गोलार्ध में स्थित, पृथ्वी से दिखाई देने वाले सबसे बड़े गड्ढों में से एक क्लेवियस क्रेटर में पानी के अणुओं का पता लगाया है। एजेंसी ने अपनी खोज के नतीजे नेचर एस्ट्रोनॉमी के नवीनतम अंक में प्रकाशित किए गए हैं।
क्लेवियस क्रेटर में मिला पानी : पानी NASA के मुताबिक सोफिया ने चंद्रमा के दक्षिणी गोलार्ध में स्थित, पृथ्वी से दिखाई देने वाले सबसे बड़े गड्ढों में से एक क्लेवियस क्रेटर में पानी के अणुओं का पता लगाया है। एजेंसी ने अपनी खोज के नतीजे नेचर एस्ट्रोनॉमी के नवीनतम अंक में प्रकाशित किए गए हैं।

सहारा रेगिस्तान से 100 गुना कम पानी : रिपोर्ट के मुताबिक, इस स्थान के डेटा से 100 से 412 पार्ट प्रति मिलियन की सांद्रता में पानी का पता चला है। हालांकि चंद्रमा की सतह पर जितनी पानी की खोज की है उसकी मात्रा अफ्रीका के सहारा रेगिस्तान में मौजूद पानी की तुलना में 100 गुना कम है।

क्या पीने योग्य है पानी : सवाल उठ रहा है कि क्या यह पानी पीने योग्य है। अगर चांद पर मिला पानी इंसान के इस्तेमाल के योग्य साबित हो जाता है तो इससे अंतरिक्षयात्रियों को बड़ी मदद मिलेगी। उन्हें अपने साथ कम मात्रा में पानी लेकर जाना होगा और वे अंतरिक्ष में अन्य जरूरी उपकरण साथ ले जा सकेंगे।

इस पहले हुए कुछ अध्ययनों में चंद्रमा की सतह पर हाइड्रोजन के कुछ रूप का पता चला था, लेकिन पानी और करीबी रिश्तेदार माने जाने वाले हाइड्रॉक्सिल (OH) की खोज नहीं हो सकी थी।

About the Author

Sarvoday Times

Editor

View All Posts

Post navigation

Previous: दिल्ली में 70 विधानसभा क्षेत्रों से ‘रेड लाइट ऑन, गाड़ी ऑफ’ अभियान की शुरुआत:-
Next: देहरादून :अभद्रता पर व्यापारियों ने श्यामपुर चौकी घेरी:-

Related Stories

images (3)333
  • उत्तर प्रदेश
  • दिल्ली
  • मेन स्लाइड

बाबा साहब की मूर्ति खंडित करने में सपाई आगे, अखिलेश राज में लगातार हुआ अंबेडकर का अपमान-दयाशंकर सिंह

Sarvoday Times 17 hours ago 0
Akhilesh-yadav-OP-Rajbhar-(1)-1786638338485 (1)
  • उत्तर प्रदेश
  • दिल्ली
  • मुख्य समाचार

सपा भ्रष्टाचार की बात करे, यह अजूबा है’… अखिलेश पर अनिल राजभर का सीधा हमला

Sarvoday Times 17 hours ago 0
IMG-20260921-WA0019-1068x713 (1)
  • उत्तर प्रदेश
  • जीवन शैली
  • मेन स्लाइड

मंगलवार को फिर 2500 युवाओं को मिलेंगे नियुक्ति पत्र: सीएम योगी

Sarvoday Times 18 hours ago 0
| ReviewNews by AF themes.