Skip to content
sarvoday times

Sarvoday Times

Latest News Portal & E-Paper

Primary Menu
  • देश
  • विदेश
  • राजनीति
  • राज्य
    • उत्तर प्रदेश
    • उत्तराखंड
    • दिल्ली
    • बिहार
    • महाराष्ट्र
    • मध्य प्रदेश
    • चंडीगढ़
  • मनोरंजन
  • बिजनेस
  • खेल
  • क्राइम
  • गैजेट्स
  • जीवन शैली
  • E-Paper
  • Home
  • इस्मा का बयान, अक्टूबर-दिसंबर में चीनी उत्पादन 42 प्रतिशत बढकर 110.22 लाख टन
  • देश
  • बिजनेस
  • मुख्य समाचार

इस्मा का बयान, अक्टूबर-दिसंबर में चीनी उत्पादन 42 प्रतिशत बढकर 110.22 लाख टन

Sarvoday Times 6 years ago 1 minute read 0 comments
05_01_2021-sugar_production_21240037

भारत का चीनी उत्पादन अक्टूबर-दिसंबर के दौरान सालाना आधार पर 42 प्रतिशत बढ़कर 110.22 लाख टन हो गया। व्यापार आंकड़ों में यह जानकारी दी गई है। इसका कारण अधिक गन्ना उत्पादन तथा महाराष्ट्र में चीनी मिलों का जल्दी काम शुरू करना है। चीनी विपणन वर्ष अक्टूबर से सितंबर तक चलता है। भारतीय चीनी मिल संघ (इस्मा) ने एक बयान में कहा कि चीनी मिलों ने वर्ष 2020-21 की अक्टूबर-दिसंबर की अवधि में 110.22 लाख टन चीनी का उत्पादन किया, जबकि पिछले वर्ष की इसी अवधि में 77.63 लाख टन चीनी का उत्पादन हुआ था।

महाराष्ट्र में, समीक्षाधीन अवधि में चीनी उत्पादन 39.86 लाख टन रहा, जबकि एक साल पहले समान अवधि में यह 16.50 लाख टन रहा था। उत्तर प्रदेश में चीनी का उत्पादन मामूली वृद्धि के साथ 33.66 लाख टन हो गया जो पिछले साल समान अवधि में 33.16 लाख टन रहा था। अभी तक लगभग 10 लाख टन चीनी निर्यात के संबंध में अनुबंध हो चुके हैं और निर्यात के लिए चीनी को आगे भेजा जाना शुरू हो गया है।

सरकार ने चीनी के अधिशेष स्टॉक को खपाने के लिए सितंबर में समाप्त होने वाले विपणन वर्ष 2020-21 के दौरान 60 लाख टन चीनी निर्यात का लक्ष्य तय किया है। इस्मा ने कहा, “दूसरे सबसे बड़े चीनी निर्यातक देश थाइलैंड में चीनी का उत्पादन, आमतौर पर होने वाली पैदावार से लगभग 80-90 लाख टन कम है। इसलिए, भारत के पास पश्चिम एशिया, श्रीलंका, बांग्लादेश, पूर्व अफ्रीका इत्यादि जैसे अपने पारंपरिक बाजारों के अतिरिक्त विशेषकर इंडोनेशिया और मलेशिया जैसे एशियाई आयात करने वाले देशों को अपनी चीनी का निर्यात करने का अवसर है।

इस्मा ने कहा कि भारत के पास मार्च-अप्रैल 2021 तक चीनी निर्यात और उसके लिए अनुबंध करने का अच्छा अवसर है। ब्राजील की चीनी उस समय ही बाजार में आएगी। उद्योग संगठन ने कहा कि पिछले 10 दिनों में रुपये का मूल्य 74 रुपये प्रति डॉलर से सुधरकर 73 रुपये प्रति डॉलर हुआ है जिससे भारतीय रुपये में चीनी मिलों का लाभ काफी हद तक कम हो गया है। इस्मा ने कहा, “यह मानते हुए कि दुनिया में भारतीय चीनी की मांग है और थाइलैंड, यूरोपीय संघ आदि में चीनी का उत्पादन कम है, भारत वर्ष 2020-21 के दौरान 6,000 रुपये प्रति टन की निर्यात सब्सिडी के समर्थन के साथ अपने लक्षित मात्रा का निर्यात करने में सफल रहेगा।।”

Post navigation

Previous: पूर्व मुख्यमंत्री कल्याण सिंह को जन्मदिन की शुभकामनाएं देने उनके घर पहुंचे सीएम योगी
Next: सोने की वायदा कीमतों में दर्ज हुई गिरावट, चांदी में आई तेजी, जानें क्या है रेट

Related Stories

MMP_9268
  • उत्तर प्रदेश
  • मुख्य समाचार

मुख्यमंत्री ने डॉ0 राम मनोहर लोहिया राष्ट्रीय विधि विश्वविद्यालय के पांचवें दीक्षान्त समारोह को सम्बोधित किया

Sarvoday Times 2 weeks ago 0
DSC_2399.JPG
  • उत्तर प्रदेश
  • मुख्य समाचार

मुख्यमंत्री ने एच0सी0एल0 टेक के एच0सी0एल0 आई0टी0 सिटी लखनऊ

Sarvoday Times 4 weeks ago 0
images (7)
  • उत्तर प्रदेश
  • मुख्य समाचार

ग्रीन कॉरिडोर की तर्ज पर फैजुल्लागंज से नैमिष तक बनेगा तटबंध: मुख्यमंत्री योगी

Sarvoday Times 4 weeks ago 0
| ReviewNews by AF themes.