Skip to content
sarvoday times

Sarvoday Times

Latest News Portal & E-Paper

Primary Menu
  • देश
  • विदेश
  • राजनीति
  • राज्य
    • उत्तर प्रदेश
    • उत्तराखंड
    • दिल्ली
    • बिहार
    • महाराष्ट्र
    • मध्य प्रदेश
    • चंडीगढ़
  • मनोरंजन
  • बिजनेस
  • खेल
  • क्राइम
  • गैजेट्स
  • जीवन शैली
  • E-Paper
  • Home
  • नई एसजी पिंक बॉल में कूकाबूरा पिंक बॉल के मुकाबले चमक कम लग रही
  • खेल

नई एसजी पिंक बॉल में कूकाबूरा पिंक बॉल के मुकाबले चमक कम लग रही

Ranjeet Gupta 7 years ago 1 minute read 0 comments
iuhu8hu8

कोलकाता में शुरू हो रहे भारत और बांग्लादेश (India vs Bangladesh) के बीच पहले डे-नाइट (Day-Night Test) टेस्ट में उपयोग में होने वाली गुलाबी गेंद (Pink ball) खूब चर्चा में चल रही है. इस गेंद को लेकर जहां एक ओर लोगों में उत्साह है तो वहीं कुछ आशंकाएं भी हैं जो इसको लेकर उठ रही हैं. इस गेंद के मिजाज के बारे में कुछ लोगों को लग रहा है कि यह स्विंग परंपरागत गेंदों के मुकाबले ज्यादा होगी, वहीं पिच के मुख्य क्यूरेटर सुजान मुखर्जी (Sujan Mukherjee) कुछ अलग ही राय रखते हैं.  

उतनी चमक नहीं 
सुजान ने मैच से पहले गुलाबी गेंद के स्विंग और कोलकाता की इसके लिए तैयार की गई पिच के बारे में बात की. उनका मानना है कि एसजी गुलाबी गेंद में उतनी चमक नहीं होती जितनी कूकाबुरा गुलाबी गेंद में होती है. कूकराबूरा गुलाबी गेंद कैब सुपर लीग के फाइनल मैच में इस्तेमाल में लाई गई थी. जिसमें मोहम्मद शमी ने उस गुलाबी गेंद से विरोधी टीम की बल्लेबाजी की कमर तोड़ दी थी.

यह अंतर देखा
सुजान ने कहा, “मैं एसजी गुलाबी गेंद पहली बार देख रहा हूं. लेकिन जो मैने नेट पर देखा उसके अनुसार इस गुलाबी गेंद की चमक कूकाबूरा गुलाबी गेंद के मुकाबले कम मालूम पड़ती है. स्विंग बड़ा मुद्दा नहीं होना चाहिेए. हां यह जाहिर है कि मैच में हालात नेट्स से काफी अलग होंगे इसलिए हमें इंतजार करना होगा.”

ट्विलाइट समस्या नहीं
यह पूछे जाने पर कि दिन की रोशनी जाते समय (ट्विलाइट) क्या होगा, मुखर्जी ने कहा कि यह ईडन गार्डन जैसे मैदान के लिए मायने नहीं रखता क्योंकि यह समय मुश्किल से 15 मिनट का होता है. उन्होने कहा, “यहां सूरज जल्दी डूब जाता है इसलिए ट्विलाइट केवल 15 मिनट का ही होता है. अगर आप मुझसे पूछें तो यह कोई मुद्दा नहीं होना चाहिए.”

विराट को लगा लाल और गुलाबी गेंद में यह अंतर
इस मैच के लिए विराट कोहली ने मैच से एक दिन पहले ट्विलाइट के दौरान काफी अभ्यास किया. विराट ने बुधवार को कहा था कि गुलाबी गेंद से फिल्डिंग करना एक चुनौतीपूर्ण काम होगा. मैच पूर्व संध्या पर विराट ने कहा, “गुलाबी गेंद के साथ फिल्डिंग का सत्र सबसे बड़ी चुनौती होगी. लोगों को इस बात से हैरानी हो सकती है कि गुलाबी गेंद से फील्डिंग करना कितना मुश्किल हो सकता है. गेंद बेशक भारी लग रही है. मुझे यकीन है कि वजन में तो अंतर नहीं होगा. लेकिन यह जरा भारी लग रही है.”

Post navigation

Previous: टीम इंडिया के कप्तान विरटा कोहली का कहना ..टेस्ट के रूप में केवल दिन-रात टेस्ट नहीं होना चाहिए.
Next: कर्नाटक राज्य क्रिकेट संघ के अधिकारी का कहना, केपीएल तब तक फिर से शुरू नहीं होगा,

Related Stories

WhatsApp Image 2026-09-30 at 6.12.07 PM
  • उत्तर प्रदेश
  • खेल

डॉ. संजय कपूर फिर बने यूपी टी-20 लीग के चेयरमैन

Sarvoday Times 1 month ago 0
download (15)
  • उत्तर प्रदेश
  • खेल
  • देश
  • मुख्य समाचार

आयुक्त, आगरा मंडल द्वारा उत्तर प्रदेश क्रिकेट एसोसिएशन (कम्पनी) के पक्ष में महत्वपूर्ण आदेश पारित

Sarvoday Times 5 months ago 0
WhatsApp Image 2026-06-04 at 10.01.49 PM
  • उत्तर प्रदेश
  • खेल
  • मुख्य समाचार

भारत-अफगानिस्तान वनडे: इकाना स्टेडियम में तैयारियां तेज, 15 जून तक लखनऊ पहुंचेंगी दोनों टीमें

Sarvoday Times 5 months ago 0
| ReviewNews by AF themes.